दक्षिण भारत के छुपे हुए हीरा पन्ना

मेरे एक दोस्त हैं जो दक्षिण भारत घूमना चाहते हैं ताकि उसकी प्राकृतिक सुंदरता का आनंद ले सकें और सांस्कृतिक विविधता को जान व समझ सकें। लेकिन उन्हें दक्षिण भारत की गर्मी से बहुत डर लगता है, इसलिए कार्यक्रम बनाकर भी अक्सर उसे स्थगित कर देते हैं। एक दिन मैंने उनसे कहा कि भाई गर्मियों में गर्मी नहीं पड़ेगी तो कब पड़ेगी, आप गर्मियों की छुट्टियों की बजाये जाड़ों की छुट्टियों में दक्षिण भारत क्यों नहीं घूम आते। इस पर उनका सवाल था कि जाड़ों में दक्षिण भारत की किन जगहों पर घूमना बेहतर रहेगा? अपने अनुभव की रोशनी में मैंने उन्हें दक्षिण भारत के छह स्थान बताये जो अक्तूबर से दिसम्बर के बीच में घूमने के लिए वास्तव में लाजवाब हैं। यह साल का वह समय होता है, जब हर चीज़ थोड़ा अधिक रिलैक्स महसूस होती है और हर कोई ऑफिस से बाहर निकलकर डेडलाइंस से ब्रेक लेता है व साल खत्म होने से पहले खुद को तरोताज़ा करना चाहता है। यह वह समय भी है जब दक्षिण भारत बहुत सुंदर हो जाता है और सुहावने मौसम व प्राकृतिक सौंदर्य का परफेक्ट मिश्रण प्रस्तुत करता है। 
कर्नाटक में अगुम्बे पश्चिमी घाटों में है और इसे अक्सर ‘दक्षिण भारत का चेरापूंजी’ कहते हैं और यह अकारण नहीं है। इसकी धुंध से ढकी पहाड़ियां और हरे भरे वर्षावन एक अलग ही दिलकश नज़ारा पेश करते हैं। यहां डूबते हुए सूरज को देखने का मंज़र हमेशा के लिए यादों में बस जाता है। इसकी जैव-विविधता ट्रेकर्स और प्रकृति प्रेमियों के लिए तो जन्नत है। मैं जब वहां था, तो खूबसूरत जंगल के बीच से ड्राइव करते हुए बरकाना झरने को देखने गया था, जोकि भारत के सबसे ऊंचे झरनों में से एक है और फिर मैं अगुम्बे रेनफारेस्ट रिसर्च स्टेशन पर भी रुका था। मानसून के बाद वाले दिन अगुम्बे की वास्तविक सुंदरता को निखार देते हैं, आसमान साफ होता है और लैंडस्केप पन्ना जैसा हरा हो जाता है।
तमिलनाडु में कोयंबटुर के निकट स्थित पोल्लाची शांतिपूर्ण ग्रामीण कस्बा है, जो नारियल के अनंत पेड़ों और शानदार अन्नामलाई पहाड़ियों से घिरा हुआ है। यह जगह विशेषरूप से उन लोगों के लिए आदर्श है जो सुकून व शांति के साथ प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेना चाहते हैं। आप इसके अतिरिक्त भी यहां बहुत कुछ कर सकते हैं। अलियार डैम में नौका विहार, ताज़गी भरी डुबकी के लिए मंकी फाल्स जाना या वन्यजीवों को देखने के लिए पास के अन्नामलाई टाइगर रिज़र्व की यात्रा करना। पोल्लाची अपने स्थानीय बाज़ारों के लिए भी विख्यात है, जहां ताज़ी चीज़ें, हाथ से बनी कलाकृतियां और इस छोटे से कस्बे के लोगों की गर्मजोशी मिलती हैं।
केरल का सबसे बड़ा झरना अथिरापिल्ली में है, जिसे अक्सर ‘दक्षिण भारत का नियाग्रा फाल्स’ भी कहा जाता है। चलाकुडी नदी तेज़ी से 80 फीट की ऊंचाई से नीचे गिरती है। घने जंगलों से घिरी यह जगह मानसून के बाद जीवंत हो जाती है। सुंदर अथिरापिल्ली का आनंद लेने के अतिरिक्त आप-पास के वजहाचल झरने पर भी जा सकते हैं। प्राकृतिक नज़ारों को देखते हुए चहलकदमी कर सकते हैं, पक्षियों को देखने के लिए जा सकते हैं या थुमबूरमुज्ही बांध व उसके तितली पार्क को भी देख सकते हैं। यह जगह शांतिपूर्ण होने के बावजूद नाटकीय है, जिससे यह केरल की सबसे सुंदर जगह बन जाती है, लेकिन इसे कम ही महत्व दिया जाता है। क्यों? मालूम नहीं।
आंध्रप्रदेश प्रदेश में लम्बसिंगी ‘आंध्र का कश्मीर’ के रूप में विख्यात है, जिससे इसकी सुंदरता का स्वत: ही अंदाज़ा लगाया जा सकता है। यह दक्षिण भारत में उन चंद जगहों में से एक है जहां कभी-कभार जाड़ों में धुंध का अनुभव किया जा सकता है। पूर्वी घाटों में स्थित यह छोटा सा गांव अपने सुबह के कोहरे, कॉफी प्लांटेशन और शांत नज़ारों के लिए जाना जाता है। पर्यटक थाजंगी रिजर्वायर जा सकते हैं, हरे भरे मार्गों पर ट्रेक कर सकते हैं या सिर्फ ठंडी हवा का आनंद लेते हैं, जिससे यह जगह ज़मीनी क्षेत्रों से अलग ही दुनिया महसूस होती है। यह गांव हिल स्टेशन का एहसास कराता है।
कर्नाटक में गोकर्ण गोआ का विकल्प है, जो आध्यात्मिकता का मिलन दिलकश तटीय आकर्षण से कराता है। महाबालेश्वर मंदिर सालभर भक्तों को आकर्षित करता है और शांत समुद्री किनारे जैसे ओम, कुड्ले व हाफमून पर्यटकों व योग प्रेमियों के लिए जन्नत हैं। चट्टानों के पास वाक करें, बीचसाइड कैफों में खाएं पियें, वाटर स्पोर्ट्स का आनंद लें या अरब सागर के किनारे रिलैक्स करें। गोकर्ण का धीमा जीवन और ग्रामीण एहसास इसे साल के अंत में तरोताजा होने के लिए आदर्श बना देता है। 
तमिलनाडु में सलेम के निकट शेवरॉय पहाड़ियों में येरकौड़ एक शांत हिल स्टेशन है, जो अपने कॉफी प्लांटेशन, ठंडे वातावरण और स्वच्छ झील के लिए विख्यात है। येरकौड़ झील में नौका विहार करने के अतिरिक्त कुछ व्यूपॉइंट्स पर जाया जा सकता है, जैसे सुंदरवादी को देखने के लिए पगोडा पॉइंट और किल्युर झरने तक ट्रेक किया जा सकता है। ऊटी या कोडाईकनाल जितना कमर्शियल तो नहीं है, लेकिन येरकौड़ हरियाली से घिरी शांति ऑफर करता है। यह एक ऐसी जगह है, जहां समय धीमी रफ्तार से चलता हुआ प्रतीत होता है।
-इमेज रिफ्लेक्शन सेंटर 

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