एस.पी. मराड़ ने मांगी अग्रिम ज़मानत



चंडीगढ़, 12 जून (सुरजीत सिंह सत्ती): खरड़ के डी.एस.पी. रहते फिरोज़पुर एवं मुक्तसर के दो परिवारों के एक पारिवारिक विवाद में कथित रूप से एक पक्ष की सहायता करने के कारण भ्रष्टाचार रोधक अधिनियम और कुछ अन्य धाराओं के दर्ज पर्चे में फंसे एस.पी. राज बलविन्द्र सिंह मराड़ ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में एक याचिका दाखिल करके अग्रिम जमानत की मांग की है। इस याचिका पर हाईकोर्ट ने सरकार को नोटिस जारी करके जवाब मांग लिया है और सुनवाई सोमवार पर डाल दी है। मामले के अनुसार पंजाब में बड़ी पहुंच वाले दो परिवारों में वैवाहिक विवाद चल रहा था और हाईकोर्ट के निर्देश पर एक एस.आई.टी. इस मामले की जांच के लिए बनाई गई थी। इसी दौरान लड़की वालों ने जांच में लड़के के मोबाइल वैन की काल डिटेल पेश की, जिस पर लड़के वालों ने आपत्ति जताई कि लड़की वालों के पास यह काल डिटेल कैसे आई। इसकी शिकायत एस.आई.टी. को की गई और एस.आई.टी. ने जांच की। इस दौरान यह सामने आया कि लड़के की काल डिटेल कथित रूप से एस.पी. मराड़ ने खरड़ के डी.एस.पी. होते हासिल की थी।
मराड़ पर अधिकारियों को धोखे में रखकर किसी अन्य मामले में लड़के की काल डिटेल आवश्यक होने की बात कहते यह काल डिटेल निकलवाने का आरोप लगा हुआ है और जांच में ऐसे आरोप सामने आने पर एस.आई.टी. ने खरड़ थाने में मराड़ के विरुद्ध मामला दर्ज करवाया था और अब मराड़ ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करके कहा है कि उसके विरुद्ध जिन धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है, उन धाराओं का आरोप उनके विरुद्ध बनता ही नहीं है। मराड़ विरुद्ध भ्रष्टाचार रोको अधिनियम की धारा भी इस मामले में लगी हुई है। वर्णनीय है कि राज बलविन्द्र सिंह मराड़ पूर्व विधायक सुखदर्शन सिंह मराड़ के बेटे हैं और पंजाब पुलिस में इस समय एस.पी. रैंक के अधिकारी हैं।