पत्रकार ने पेशावरी सिखों की सुरक्षा को लेकर किया गुमराह


अमृतसर, 13 जून (सुरिन्द्र कोछड़) : पेशावरी सिख संगत के नेता तथा मंत्री अल्पसंख्यक अस्थाई यूथ असेंबली गुरपाल सिंह तथा पाकिस्तान सिख कौंसिल के सदस्य बलवीर सिंह के हवाले से आज एक पाकिस्तानी समाचार पत्र के पत्रकार एन. महराम द्वारा मनघड़ंत समाचार प्रकाशित किया गया, जिसके बाद पेशावरी सिखों की सुरक्षा को लेकर विश्व भर की सिख संस्थाओं द्वारा चिंता प्रकट की जा रही है। बताया जा रहा है कि उक्त पत्रकार ने समाचार में उक्त सिख नेताओं के हवाले से यह दावा किया है कि पाकिस्तान के प्रदेश खैबर पखतूनख्वा के शहर पेशावर में अल्पसंख्यक सिख समुदाय पर इस्लामिक कट्टरपंथियों द्वारा लगातार हो रहे नस्ली हमलों के डर के कारण बड़ी संख्या में सिख अन्य शहरों में पलायन कर रहे हैं। समाचार में यह भी दावा किया गया है कि पेशावर में सिखों की जनसंख्या 30 हज़ार है तथा उनमें से 60 प्रतिशत से अधिक सिख पलायन करके पाकिस्तान के अन्य शहरों या भारत में आ चुके हैं। ‘अजीत समाचार’ द्वारा इस बारे में पेशावर में फोन पर गुरपाल सिंह से बातचीत की तो उन्होंने बताया कि इस सोची समझी साजिश के अधीन विरोधियों द्वारा उनके दिए बयानों को बदलकर पेश किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उन्होंने उक्त पाकिस्तान पत्रकार या किसी पाकिस्तानी चैनल या समाचार एजेंसी को इस संबंधी कोई बयान नहीं दिया, जबकि उन्होंने गत दिवस प्रदेश खैबर पखतूनख्वा के मुख्यमंत्री के केयर टेकर जज दोस्त मुहम्मद खां के साथ बैठक के दौरान स्व. चरनजीत सिंह के कातिलों को गिरफ्तार किए जाने तथा सिख समुदाय को पेशावर में आ रही श्मशानघाट की समस्या पर उनके लिए और मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाए जाने बारे बातचीत की थी। उक्त समाचार में गुरपाल सिंह तथा बलवीर सिंह के हवाले से यह भी कहा गया है कि पेशावर में करियाने की दुकान करने वाले सिख नेता चरनजीत सिंह का कत्ल होने के बाद पेशावरी सिखों को अपनी पहचान छिपाने के लिए अपने केस भी कत्ल करने पड़ रहे हैं।