रूस से हथियार नियंत्रण संधि से अलग होगा अमरीका : ट्रंप


वाशिंगटन/ मास्को : 21 अक्तूबर (एजैंसी) : अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पुष्टि की कि उनका देश शीत युद्ध के दौरान रूस के साथ की गई हथियार नियंत्रण संधि से अलग हो जाएगा। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि रूस ने समझौते का उल्लंघन किया। मध्यम दूरी परमाणु शक्ति (आईएनएफ) संधि की अवधि अगले दो साल में खत्म होनी है। साल 1987 में हुई यह संधि अमरीका और यूरोप तथा सुदूर पूर्व में उसके सहयोगियों की सुरक्षा में मदद करती है। यह संधि अमरीका तथा रूस को 300 से 3,400 मील दूर तक मार करने वाली जमीन से छोड़े जाने वाली क्रूज मिसाइल के निर्माण को प्रतिबंधित करती है। इसमें सभी जमीन आधारित मिसाइलें शामिल हैं। ट्रंप ने नेवादा में पत्रकारों से कहा, ‘‘हम समझौते को खत्म करने जा रहे हैं और हम इससे बाहर होने जा रहे हैं।’’ अमरीकी राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘जब तक रूस और चीन एक नए समझौते पर सहमत नहीं हो जायें तब तक हम समझौते को खत्म कर रहे हैं और फिर हथियार बनाने जा रहे हैं।’’ ट्रंप ने आरोप लगाया, ‘‘रूस ने समझौते का उल्लंघन किया। वे कई वर्षों से इसका उल्लंघन कर रहे हैं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हम उन्हें परमाणु समझौते का उल्लंघन करने और हथियार बनाने नहीं दे रहे और हमें भी ऐसा करने की अनुमति नहीं है।’’ ट्रंप ने कहा, ‘‘जब तक रूस और चीन हमारे पास नहीं आते और यह नहीं कहते कि चलिए हम में से कोई उन हथियारों का निर्माण नहीं करे, तब तक हमें उन हथियारों को बनाना होगा। अगर रूस और चीन यह कर रहे हैं, और हम समझौते का पालन कर रहे हैं तो यह अस्वीकार्य है।’’ उन्होंने कहा कि जब तक दूसरे देश इसका उल्लंघन करते रहेंगे तब तक अमेरिका इस समझौते का पालन नहीं करेगा।  अमरीका का करार से हटना होगा खतरनाक कदम : रूस : रूस के विदेश उपमंत्री ने आज कहा कि अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस के साथ शीतकालीन दौर के परमाणु हथियार करार से अमरीका के हटने की अपनी जिस योजना की घोषणा की है, वह एक खतरनाक कदम होगा। विदेश उपमंत्री सर्जेई रयाबकोव ने तास संवाद समिति से कहा, ‘‘मैं पक्का हूं कि यह एक बड़ा खतरनाक कदम होगा जो न केवल अंतर्राष्ट्रीय बिरादरी की समझ से परे होगा बल्कि उसकी गंभीर निंदा भी होगी।’’