पठानकोट, फाज़िल्का व लुधियाना के अध्यापकों ने सांझे मोर्चे के 35वें दिन लगाई हाज़िरी 


पटियाला, 10 नवम्बर (परगट सिंह बलबेड़ा): ठेका आधारित अध्यापकों द्वारा 7 अक्तूबर से शुरू हुआ सांझे अध्यापक मोर्चे का पक्का मोर्चा 35वें दिन में दाखिल हो गया, जहां पठानकोट, फाजिल्का और लुधियाना ज़िलों सहित पटियाला ज़िले के अध्यापकों ने शिरकत की। आज अध्यापक जत्थेबंदी द्वारा शिक्षा सचिव की माडल टाऊन स्थित सरकारी रिहायस तक मार्च करने के बाद उसके घर के बाहर धरना दिया गया। अध्यापक नेताओं राज्य कनवीनर दविन्दर सिंह पूनिया, सुखविन्दर सिंह चाहल, बलकार सिंह, बाज सिंह खहरा और हरजीत बसोत ने आप्शन क्लिक न करने वाले अध्यापकों को डराने की मंशा नीचे उनके स्टेशनों पर ओर अध्यापकों को जुआइन कराने की शिक्षा सचिव के फैसले की निंदा करते हुए चेतावनी दी कि ऐसा करने वाले अध्यापकों, स्कूल प्रमुख और कलस्टर प्रमुख का घेराव किया जायेगा और सोशल बाइकाट किया जाएगा। एकत्रित अध्यापकों को जसविन्दर झबेलवाली, अतिन्दरपाल सिंह, राजन महाजन, रहदेव मुल्लांपुर, जगपाल सिंह, महिंद्र कौड़्यावाली, धर्म सिंह, अजीतपाल, भगवंत भटेजा आदि ने संबोधित करते हुए कहा कि जहां पंजाब की कांग्रेस सरकार ठेका आधारित और कच्चे अध्यापकों को पुरी तनख्वाहों पर रेगुलर करने की जगह तनख्वाहों में 65 से 75 प्रतिशत कटौती करने, 5178 अध्यापकों को नियुक्ति पत्र में दर्ज़ शर्तों अनुसार नवंबर 2017 से रैगुलर करने से पीछे हटने, पिकटस अधीन कम्प्यूटर अध्यापकों को विभाग में शिफ्ट न करने व दूसरी जायज मांगों को मानने से इन्कारी हो रही है।