HRTC कर्मचारियों की हड़ताल को CITU का समर्थन, ESMA लागू करने की चेतावनी को बताया तानाशाही
शिमला , 24 जून हिमाचल प्रदेश सीटू राज्य कमेटी ने HRTC कर्मचारियों के आंदोलन को अपना पूर्ण समर्थन देने का ऐलान किया है। संगठन ने कहा है कि कर्मचारियों की हड़ताल को हर स्तर पर समर्थन दिया जाएगा। साथ ही प्रदेश सरकार को चेतावनी दी गई है कि यदि आंदोलनरत कर्मचारियों का दमन किया गया तो पूरे प्रदेश में मजदूरों की लामबंदी कर आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।
CITU के प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र मेहरा ने एचआरटीसी कर्मचारियों की मांगों की लगातार अनदेखी किए जाने पर प्रदेश सरकार के खिलाफ रोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की जायज मांगों को पूरा करने के बजाय सरकार उनके लोकतांत्रिक आंदोलन को कुचलने का प्रयास कर रही है, जो तानाशाही रवैया है। संविधान के अनुच्छेद-19, ट्रेड यूनियन एक्ट 1926 और औद्योगिक विवाद अधिनियम 1947 कर्मचारियों को अपनी मांगों को लेकर आंदोलन करने का अधिकार देते हैं। इसके बावजूद कर्मचारियों की हड़ताल और आंदोलन को रोकने के लिए ESMA लागू करने की बात करना पूरी तरह अलोकतांत्रिक और तानाशाही कदम है। उन्होंने आरोप लगाया कि एचआरटीसी कर्मचारी पिछले कई वर्षों से अपने मूलभूत अधिकारों और लंबित वित्तीय लाभों के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी मांगों को लगातार नजरअंदाज कर रही है। कर्मचारियों को ओवरटाइम, रात्रि भत्ता, महंगाई भत्ता, विभिन्न लाभों के एरियर और चिकित्सा प्रतिपूर्ति दावों का भुगतान नहीं किया जा रहा है। वहीं पेंशनरों को भी वित्तीय लाभ, मृत्यु एवं सेवानिवृत्ति ग्रेच्युटी, लीव एनकैशमेंट, चिकित्सा बिल, संशोधित पेंशन, पेंशन भत्ता और पे मैट्रिक्स से जुड़े भुगतान लंबे समय से लंबित हैं।

