राज्यपाल कटारिया के ADC ने रिटायरमेंट से पहले ही दिया इस्तीफा
चंडीगढ़, 18 मई (संदीप कुमार महना) - पंजाब के गवर्नर और UT चंडीगढ़ के एडमिनिस्ट्रेटर के ADC गौरव मलिक के रिटायरमेंट से पहले पद छोड़ने के फैसले ने एडमिनिस्ट्रेटिव गलियारों में कई सवाल खड़े कर दिए हैं। एक्सटेंशन पर काम कर रहे मलिक लंबे समय से पंजाब लोक भवन की अहम जिम्मेदारियां संभाल रहे थे।
गौरव मलिक कई सालों तक गवर्नर गुलाब चंद कटारिया के साथ ADC (एड-डी-कैंप) के पद पर तैनात थे। गवर्नर के ऑफिशियल दौरों, सरकारी प्रोग्राम, सिक्योरिटी अरेंजमेंट और एडमिनिस्ट्रेटिव कोऑर्डिनेशन में उनकी अहम भूमिका थी। वे लोक भवन के प्रोटोकॉल और अंदरूनी अरेंजमेंट से जुड़ी कई अहम जिम्मेदारियां भी संभाल रहे थे।
जानकारी के मुताबिक, गौरव मलिक इंडियन एयर फोर्स में शॉर्ट सर्विस कमीशन ऑफिसर रहे हैं। अपने मिलिट्री बैकग्राउंड के कारण उन्हें डिसिप्लिन और एडमिनिस्ट्रेटिव मैनेजमेंट का खास अनुभव था। इसी अनुभव के आधार पर उन्हें पंजाब लोक भवन के अहम और भरोसेमंद अफसरों में गिना जाता था। सूत्रों के मुताबिक, गौरव मलिक अभी एक्सटेंशन पर काम कर रहे थे और अगले साल रिटायर होने वाले थे। पद छोड़ने के फैसले से एडमिनिस्ट्रेटिव और पॉलिटिकल गलियारों में अभी से चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि, उनके अचानक लिए गए इस फैसले के कारणों के बारे में अभी तक कोई ऑफिशियल जानकारी सामने नहीं आई है।
न तो पंजाब लोक भवन और न ही UT एडमिनिस्ट्रेशन ने इस मामले पर अभी तक कोई ऑफिशियल बयान जारी किया है। फिर भी, इस डेवलपमेंट को चंडीगढ़ के एडमिनिस्ट्रेटिव कॉरिडोर में एक बड़े बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है।

