अमेरिका-ईरान युद्ध का छठा दिन: होर्मुज बंद, पश्चिम एशिया में तेल की सप्लाई बाधित
नई दिल्ली, 5 मार्च - अमेरिका और इस्राइल की ओर से ईरान पर किए जा रहे हमलों के छठे दिन युद्ध का दायरा अब मिडिल ईस्ट की सीमाओं को पार कर हिंद महासागर तक फैल चुका है। एक तरफ जहां ईरान के 33 नागरिक और सैन्य ठिकानों पर बड़े हमले हुए हैं, वहीं दूसरी तरफ होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने से वैश्विक व्यापार और ऊर्जा सप्लाई पर बड़ा संकट खड़ा हो गया है।
ईरानी स्टेट मीडिया के मुताबिक, हमलों के पांच दिनों में अब तक 1,045 लोगों की मौत हो चुकी है और 6,000 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। ईरानी विदेश मंत्रालय ने दावा किया है कि अमेरिका और इस्राइल ने 33 नागरिक ठिकानों को निशाना बनाया है, जिनमें अस्पताल, स्कूल, तेहरान का प्रमुख आर्थिक केंद्र 'ग्रैंड बाज़ार' और ऐतिहासिक गोलस्तान पैलेस शामिल हैं। इस बीच, कुर्दिश-ईरानी सशस्त्र समूहों ने उत्तर-पश्चिमी ईरान में सरकार के खिलाफ जमीनी हमला भी शुरू कर दिया है।
ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई देश के अगले सर्वोच्च नेता के रूप में सबसे मजबूत दावेदार बनकर उभरे हैं, जिनके इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के साथ गहरे संबंध हैं। सैन्य मोर्चे पर, श्रीलंका के तट के पास हिंद महासागर में एक अमेरिकी पनडुब्बी ने ईरान के युद्धपोत 'आइरिस डेना' को टारपीडो से डुबा दिया है, जिसमें 87 शव बरामद हुए हैं।

