गर्मी के कारण राज्य में बिजली की मांग 9422 MW तक पहुंची
लहरा मोहब्बत (बठिंडा), 10 मार्च (सुखपाल सिंह सुखी) - गर्मी बढ़ने के कारण आज पूरे राज्य में बिजली की मांग 9422 MW तक पहुंच गई, और पावरकॉम ने बाहरी सोर्स से 6351 MW बिजली हासिल की है।
जानकारी के अनुसार, पावरकॉम के अपने सरकारी सेक्टर के गुरु हरगोबिंद थर्मल पावर हाउस लेहरा मोहब्बत की 920 MW जेनरेशन वाली 4 यूनिट में से 3 यूनिट 420 MW की हैं और एक यूनिट सालाना मेंटेनेंस के लिए बंद है। गुरु गोबिंद सिंह सुपर थर्मल पावर हाउस रोपड़ की 4 यूनिट में से 508 MW और गुरु अंगद देव थर्मल पावर हाउस गोइंदवाल की एक यूनिट 142 MW की है और दूसरी बंद है।
दूसरी ओर, पावरकॉम के हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर प्लांट से 266 MW, रिन्यूएबल और नॉन-रिन्यूएबल सोर्स से 360 MW बिजली बन रही थी। प्राइवेट सेक्टर के थर्मल पावर प्लांट राजपुरा की दो यूनिट में से एक 410 MW पर बंद हो गई। इसी तरह तलवंडी साबो की 3 यूनिट से 960 MW बिजली बन रही थी। इन सभी सोर्स से पूरे राज्य में 3071 MW बिजली बन रही थी और बाकी 6351 MW बिजली बाहर से सेंट्रल पूल से डिमांड लेकर पूरी की जा रही है। माहिरा का कहना है कि इस बार गर्मी शुरू होने से ही अंदाजा लगाया जा रहा है कि राज्य में बिजली की डिमांड 17000 MW को पार कर सकती है।
दूसरी तरफ, बढ़ती गर्मी को लेकर सरकार ने अभी तक अपना पावर टारगेट नहीं बताया है। इस बारे में जब हमने पावरकॉम के चेयरमैन कम मैनेजिंग डायरेक्टर बसंत गर्ग से फोन पर बात करने की कोशिश की तो उनसे बात नहीं हो पाई।

