थोक महंगाई 44 महीने में सबसे ज्यादा: जून में 9.87% पहुंची; खाने-पीने के सामानों की कीमतें बढ़ीं
नई दिल्ली, 14 जुलाई - खाद्य व गैर-खाद्य वस्तुओं की कीमतों में तेजी से जून में थोक मुद्रास्फीति बढ़कर 9.87 प्रतिशत हो गई। मई में यह 9.68 प्रतिशत थी।
थोक मुद्रास्फीति में यह तेजी पश्चिम एशिया संकट, होर्मुज जलडमरूमध्य की प्रभावी नाकेबंदी और खाद्य वस्तुओं की कीमतों पर उसके असर को दर्शाती है। भारत अपने अधिकतर कच्चे तेल का आयात इसी जलडमरूमध्य के जरिये करता है।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने मंगलवार को थोक मूल्य सूचकांक (डब्ल्यूपीआई) के आंकड़े जारी करते हुए कहा कि थोक मुद्रास्फीति के जून 2026 के आंकड़े पर खनिज तेल (जिसमें पेट्रोलियम उत्पाद शामिल हैं), खाद्य वस्तुएं, विनिर्मित मूल धातु तथा विनिर्मित रसायन एवं रासायनिक उत्पादों की कीमतों का असर दिखा।

