कब सामने आएगी तीन बच्चियों की मौत की असली वजह ?

गत 4 फरवरी को गाजियाबाद में तीन नाबालिग बहनों (निशिका 16, प्राची 14 और पाखी 12 वर्ष) की मौत की वारदात के पीछे की सच्चाई सामने नहीं आई है। इन तीनों ने भारत सिटी सोसाइटी की 9वीं मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली थी। घटना के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। इस मामले को आत्महत्या ही माना जा रहा है लेकिन लड़की के पिता से जुड़े हैरान करने वाले खुलासे हो रहे हैं और उसका स्वयं का चरित्र विश्वसनीयता से परे है। आपको पता है कि बताया गया कि तीनों बच्चियां कोरियन गेम्स और ऑनलाइन कंटेंट की गंभीर लत में फंस चुकी थीं। परिवार द्वारा उन्हें इन गतिविधियों से दूर करने की कोशिश की गई, जिससे वे मानसिक रूप से टूट गईं व कथित तौर पर नौवीं मंजिल पर स्थित फ्लैट से कूदकर अपनी जान दे दी। अब वहीं दूसरी थ्योरी भी निकलकर सामने आ रही है। अब कहा जा रहा है कि मरने वाले बच्चियों के पिता आर्थिक तंगी से परेशान था। बिजली का बिल भरना था उसके लिए पैसे नहीं थे इसलिए उन्होंने बेटियों का फोन बेंच दिया, जिसके बाद से परिवार में महौल बिगड़ गया। इसके पहले लड़कियों के पिता चेतन ने ही बयान दिया था कि तीनों लड़कियां कोरियन गेम खेल रही थीं, जिसमें लास्ट टास्क पूरा करना था और उसके लिए उन्होंने छत से कूदकर अपनी जान दे दीं। अब पुलिस को इन गोलमटोल बयानों से संदेह और गहरा हो गया है।
पुलिस जितनी गहराई से जांच कर रही है, मामला उतना ही उलझता जा रहा है। अब तक यह जानकारी सामने आई थी कि मृत बच्चियों के पिता की तीन शादियां हुई थीं और उनके 5 बच्चे थे लेकिन अब नए तथ्य सामने आ रहे हैं। बताया जा रहा है कि पिता के एक चौथी महिला से भी संबंध थे, जिसकी मौत भी छत से गिरने के कारण हुई थी। इतना ही नहीं, उस महिला की मौत के बाद उसके ही एक रिश्तेदार के साथ संबंध बने, जिससे वह गर्भवती हो गई। यह सारी बातें बच्चियों के पिता चेतन ने पूछताछ के दौरान कबूल की हैं।
पुलिस पूछताछ में जब मृत बच्चियों के पिता चेतन से उसकी शादियों और लिव-इन पार्टनर की मौत को लेकर सवाल किए गए, तो उसने तीन शादियां करने और एक महिला की मौत की बात स्वीकार की। चेतन ने बताया कि उसकी पहली पत्नी सुजाता है लेकिन दोनों की कोई संतान नहीं हुई। इसके बाद सुजाता की सहमति से उसने अपनी सगी साली हिना से शादी कर ली। आगे चलकर चेतन का सीलमपुर में ससुराल के पड़ोस में रहने वाली तब्बू से संबंध बन गया और करीब नौ साल पहले वह उसे राजेंद्रनगर स्थित फ्लैट में साथ रहने के लिए ले आया। इसके बाद घर में लगातार विवाद होने लगे। वर्ष 2018 में तब्बू की तीसरी मंजिल से गिरकर मौत हो गई थी। चेतन ने किसी भी तरह की संलिप्तता से इन्कार करते हुए कहा कि घटना के वक्त वह घर पर मौजूद नहीं था और पुलिस जांच में उसे पहले ही क्लीन चिट मिल चुकी है।
आपको बता दें कि तीन नाबालिग बहनों द्वारा बिल्डिंग से कूदकर आत्महत्या की गुत्थी उलझती जा रही है। एक पिता, दो मां और कुल पांच भाई बहन होने के चलते उलझे हुए रिश्ते और कोरियन गेम की लत वाली थ्योरी को लेकर बारीकी से जांच जारी है। महज 12, 14 व 16 साल की नाबालिग लड़कियों के पिता ने साफ-साफ कहा कि उनकी बेटियों को कोरिया जाना था। परिवार के मुताबिक तीनों बहनें कोई कोरियन गेम खेलने की आदि थीं। ये ऑनलाइन टास्क बेस्ड कोरियन लवर गेम खेला करती थीं। तीनों लड़कियों की आदत इस तरह हो चुकी थी कि वे नहाने, खाने, स्कूल जाने और सोने जैसे रोजमर्रा के सभी काम एक साथ किया करती थीं। इसी तरह तीनों ने एक साथ इमारत से कूदकर आत्महत्या की। इस घटना से परिवार सदमे में है। हालांकि सच क्या है ये सवाल अभी भी सवाल ही है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पुलिस जांच में यह चौंकाने वाली बात सामने आई है कि तीनों बहनों ने अपना एक यूट्यूब चैनल शुरू किया था। इस चैनल पर वे कोरियन कल्चर, कोरियन ड्रामा, म्यूजिक व वहां के रहन-सहन से जुड़े वीडियो अपलोड करती थीं। यह चैनल काफी पॉपुलर हो चुका था और इसके लगभग 2000 से ज्यादा सब्सक्राइबर्स थे। जब पिता को इस चैनल और बेटियों की कोरियन कल्चर के प्रति बढ़ती दीवानगी का पता चला, तो उन्होंने वह यूट्यूब चैनल डिलीट करवा दिया। पिता का यह कदम बेटियों को रास नहीं आया और वे उनसे नाराज़ रहने लगीं। बेटियों को लगा कि उनकी ‘डिजिटल पहचान’ छीन ली गई है। पिता ने कैमरे पर आए बिना बताया कि बच्चों ने कोरियन पर्सनैलिटी बनाई थी और अपना नाम बदल दिया था ये सच है। लॉस था मेरा 20-30 लाख का, लेकिन ये वजह आत्महत्या की नहीं हो सकती है। वे बोलते थे हम कोरिया जाएंगे, कोरिया ले चलो, इंडियन के नाम से गुस्सा आ जाता था, बच्चे तो इंडिया के नाम पर खाना तक नहीं खाते थे। उन्होंने कहा, हम चाहते हैं कोरियन ड्रामा, वीडियो जो भी चल रहे हैं जिनसे बच्चे एडिक्ट हो रहे हैं वे सभी बन्द होने चाहिए। बच्चे ऐसी चीजें तीन चार साल से देख रहे थे। वो कहते थे कि कोरिया नहीं गए तो मर जाएंगे। घर की छानबीन में पुलिस को पता चला कि लड़कियों ने अपना कमरा पूरी तरह कोरियन स्टाइल में सजा रखा था। वे अपनी सबसे छोटी बहन को ‘देवु’ और अन्य को ‘लीनो’ व ‘कुइना’ जैसे कोरियन नामों से बुलाती थीं। चौंकाने वाली बात यह है कि जिन बच्चों से उन्हें चिढ़ थी, उन्हें वे ‘बॉलीवुड नाम’ देकर संबोधित करती थीं। 
दरअसल एक रियल स्टेट कारोबारी द्वारा तीन-तीन शादी करना और इसके बावजूद लिवइन रिलेशन बनाना व एक लिव-इन पार्टनर की संदिग्ध परिस्थितियों में इसी तरह फ्लोर से कूदकर सुसाइड करना तीनों अभागी बच्चियों के पिता के एक ऐसे चरित्र को उद्धाटित कर रहा है जो बेहद अय्याश किस्म का मालूम पड़ता है। तीनों बच्चियों का कई साल से स्कूल नहीं जाना यह बताता है कि यह व्यक्ति पारिवारिक जिम्मेदारी का निर्वाह न कर अपनी अय्याशी और मस्ती में तल्लीन था। कल्पना कीजिए यदि किशोरावस्था की तीन बच्चियों को नौवीं मंजिल के फ्लोर पर समाज से दूर रखा जाए और स्कूली शिक्षा से भी दूर रखा जाए तो वह अपनी एकांत व अकेलेपन को दूर करने के लिए मोबाइल इंटरनेट को ही सहारा बनाने के लिए मज़बूर हो सकती है ऐसे हालात पैदा करने के लिए यह पिता स्वयं जिम्मेदार है जिसने मोबाइल से अपने एकांत को काट रही लड़कियों का मोबाइल भी छीन लिया और उसे बेच दिया। ऐसा कर एक पिता ने खुद बच्चियों को अवसाद में धकेलने का काम किया। इस मामले की सीबीआई जांच कर दूध का दूध और पानी का पानी साफ किया जाना चाहिए। यह सारा प्रकरण एक गैर जिम्मेदार अय्याश और शेयर ट्रेडिंग से बिना मेहनत पैसे कमाने के लालच में अपना धन गंवाने वाले गैर जिम्मेदार परिवार के मुखिया की लापरवाही भरी निर्लज्जता का परिणाम मालूम पड़ती है जिसके चलते तीन होनहार नाबालिग बच्चियों को असमय मौत के मुंह में जाने के लिए मज़बूर कर दिया।

मो. 9219179431

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