हलका डेराबस्सी में इस बार भाजपा मारेगी बाजी - नायब सिंह सैनी
जीरकपुर (मोहाली), 8 सितंबर (हैप्पी पंडवाला)- हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के साथ हलका डेराबस्सी के वरिष्ठ भाजपा नेता गुरदर्शन सिंह सैनी द्वारा उनके निवास स्थान पर एक विशेष मुलाकात की गई, जिसमें न्यूजर्सी (अमेरिका) के प्रमुख कारोबारी एवं न्यूजर्सी इंडिया कमीशन के कमिश्नर बिक्रम गिल और हरदीप सिंह सैनी भी विशेष रूप से मौजूद थे। इस बैठक के दौरान हलका डेराबस्सी में भाजपा की स्थिति और पंजाब व भारत में विदेशी निवेश को बढ़ावा देने के मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
इस मौके पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि लंबे समय से स्व. गुरनाम सिंह सैनी का परिवार डेराबस्सी हलके की सेवा करता आ रहा है और अब गुरदर्शन सिंह सैनी अपनी टीम के साथ इस सेवा को बखूबी जारी रख रहे हैं। उन्होंने डेराबस्सी वासियों को भरोसा रखने के लिए कहते हुए दावा किया कि आने वाले चुनावों में इस हलके से भाजपा शानदार जीत दर्ज करेगी।
पंजाब के हालात पर चिंता व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मौजूदा सरकार ने पिछले साढ़े चार वर्षों में राज्य के विकास को पूरी तरह ब्रेक लगा दी है। पंजाब में कानून-व्यवस्था डगमगा चुकी है और आर्थिक स्थिति बिगड़ने के कारण यहां के युवा और बच्चे परिवार छोड़कर विदेशों की ओर पलायन करने के लिए मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों का भविष्य सुरक्षित बनाने और पंजाब को फिर से 'सोने की चिड़िया' बनाने के लिए 2027 में राज्य की बागडोर भाजपा को सौंपने की जरूरत है।
बैठक के दौरान अमेरिका के न्यूयॉर्क और न्यूजर्सी क्षेत्र में तेल रिटेलिंग की प्रमुख कंपनी 'गिल एनर्जी' के प्रमुख बिक्रम सिंह गिल ने भारत में निवेश को लेकर अपने विचार साझा किए। उन्होंने बताया कि न्यूजर्सी इंडिया कमीशन के कमिश्नर के तौर पर उनका काम अमेरिका से कारोबार के लिए भारत में निवेश करवाना है। गिल ने कहा कि अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल पंजाब में अनुकूल माहौल और आकर्षक वातावरण न होने के कारण यहां निवेश करना ही नहीं चाहता। इसके बदले यहां उचित माहौल न मिलने के कारण गुजरात, बेंगलुरु, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और कर्नाटक जैसे राज्यों का रुख करना पड़ा।
उन्होंने बताया कि फार्मास्यूटिकल्स, एआई तकनीक, वेयरहाउसिंग, फूड प्रोसेसिंग, मेडिकल उपकरण निर्माण समेत अन्य कई तरह के कारोबारों में निवेश के जरिए यहां देश की तरक्की के साथ-साथ रोजगार के साधन भी बनेंगे। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार की नाकामियों के कारण निवेशकों का मुंह मोड़ना राज्य के लिए चिंता का विषय है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गुरदर्शन सिंह सैनी और बिक्रम सिंह गिल के इस प्रयास की भरपूर सराहना की। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगले साल पंजाब में भाजपा की सरकार बनते ही औद्योगिक निवेश के लिए जरूरी सभी मंजूरियां महज 10 दिनों के भीतर उपलब्ध करवाई जाएंगी, ताकि राज्य में व्यापारिक राहें सुगम की जा सकें।

