एल.ए.डी.सी. नीति के खिलाफ संघर्ष तेज, फिरोजपुर बार एसोसिएशन द्वारा भूख हड़ताल
फिरोजपुर, 20 जुलाई (राकेश चावला), 20 जुलाई - एल.ए.डी.सी. (लीगल एड डिफेंस काउंसिल) नीति के विरोध में जिला बार एसोसिएशन फिरोजपुर का संघर्ष और तेज हो गया है। पंजाब, हरियाणा एवं यू.टी. चंडीगढ़ की बार एसोसिएशनों की संयुक्त संघर्ष समिति के आह्वान पर आज से भूख हड़ताल शुरू कर दी गई है।
आज पहले दिन पांच अधिवक्ता भूख हड़ताल पर बैठे। बार एसोसिएशन ने घोषणा की है कि एल.ए.डी.सी. नीति के विरोध में प्रतिदिन पांच अधिवक्ता क्रमवार भूख हड़ताल पर बैठेंगे। यह भूख हड़ताल तब तक जारी रहेगी, जब तक एल.ए.डी.सी. नीति को वापस नहीं लिया जाता या इसे समाप्त नहीं किया जाता।
ज़िला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष लवजीत पाल टूरना, उपाध्यक्ष जोबनजीत सिंह संधू तथा सचिव नील रतन शर्मा ने कहा कि संयुक्त संघर्ष समिति द्वारा पारित सभी प्रस्तावों को पूरी निष्ठा के साथ लागू किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि "नो वर्क डे" आंदोलन के साथ-साथ भूख हड़ताल भी लगातार जारी रहेगी और अधिवक्ता समुदाय एल.ए.डी.सी. नीति की वापसी तक अपना संघर्ष जारी रखेगा।
बार एसोसिएशन द्वारा भूख हड़ताल संबंधी प्रेस नोट जारी किया जा रहा है तथा भूख हड़ताल में शामिल होने वाले अधिवक्ताओं के नाम पहले ही संयुक्त संघर्ष समिति के व्हाट्सएप समूह में भेजे जा रहे हैं।
इस अवसर पर समस्त अधिवक्ता समुदाय से अपील की गई कि वे एल.ए.डी.सी. नीति के विरोध में माननीय भारत के मुख्य न्यायाधीश को व्यक्तिगत रूप से प्रतिनिधित्व पत्र भेजें तथा संघर्ष की एकता को और मजबूत बनाने के लिए अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करें।
बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कहा कि एल.ए.डी.सी. नीति की वापसी तक "काम बंद" आंदोलन, भूख हड़ताल तथा अन्य सभी संघर्ष कार्यक्रम पूरी दृढ़ता के साथ जारी रहेंगे।

