ओमान के पास भारतीय क्रू वाले टैंकर पर हमले को लेकर भारत ने जताई कड़ी आपत्ति
नई दिल्ली, 10 जून - ओमान के तट के पास भारतीय चालक दल वाले वाणिज्यिक पोत सेटेबेलो पर हुए हमले को लेकर भारत ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। विदेश मंत्रालय ने इस मामले में अमेरिका के कार्यवाहक राजदूत जेसन मीक्स को तलब कर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव (अमेरिका) नागराज नायडू ने जेसन मीक्स को बुलाकर इस हमले पर भारत की गंभीर चिंता से अवगत कराया। यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब ओमान तट के पास हुए हमले में जहाज पर सवार 24 भारतीय चालक दल के सदस्यों में से 21 को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि तीन भारतीय अब भी लापता हैं।
भारत ने इससे पहले इस हमले की निंदा करते हुए कहा था कि क्षेत्र में वाणिज्यिक जहाजों पर लगातार हो रहे हमले बेहद चिंताजनक हैं और यह क्षेत्रीय संघर्ष का प्रत्यक्ष परिणाम हैं। विदेश मंत्रालय ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर व्यापारिक जहाजों और नागरिक बुनियादी ढांचे को निशाना बनाना तत्काल बंद होना चाहिए।
विदेश मंत्रालय ने जारी बयान में कहा, "हम ओमान तट के पास वाणिज्यिक पोत 'सेटेबेलो' पर हुए हमले की कड़ी निंदा करते हैं। जहाज पर मौजूद 24 भारतीयों में से अब तक 21 को सुरक्षित निकाल लिया गया है, जबकि तीन भारतीयों के लापता होने की सूचना है। ओमान स्थित भारतीय दूतावास स्थानीय प्रशासन के साथ लगातार संपर्क में है और चल रहे खोज एवं बचाव अभियान की निगरानी कर रहा है।"
मंत्रालय ने कहा कि क्षेत्र में जहाजों पर लगातार हो रहे हमले बेहद चिंताजनक हैं और यह वहां जारी संघर्ष का सीधा परिणाम हैं। बयान में कहा गया, "हम सभी पक्षों से तत्काल तनाव कम करने और कूटनीतिक समाधान के लिए जारी वार्ताओं को सफल बनाने की अपील करते हैं, ताकि क्षेत्र में शांति और स्थिरता बहाल हो सके। वाणिज्यिक जहाजों और नागरिक ढांचे को निशाना बनाने की घटनाएं तुरंत बंद होनी चाहिए तथा अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुरूप समुद्री मार्गों पर निर्बाध आवागमन और व्यापार बहाल किया जाना चाहिए।"

