भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर सरकार सख्त, विदेश मंत्रालय ने यूक्रेन के राजदूत को किया तलब
नई दिल्ली, 26 जुलाई - भारत ने काला सागर क्षेत्र में भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर बड़ा कूटनीतिक कदम उठाया। यूक्रेन के ओडेसा बंदरगाह पर भारतीय चालक दल वाले मालवाहक जहाज एमवी एजीएन रैगनार पर हमले के बाद विदेश मंत्रालय ने सोमवार को यूक्रेन के राजदूत डॉ. ओलेक्सांद्र पोलिशचुक को तलब किया। इस जहाज पर चार भारतीय चालक दल के सदस्य मौजूद थे। घटना के बाद भारत ने स्पष्ट किया कि संघर्ष वाले क्षेत्रों में काम कर रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा उसके लिए सर्वोच्च प्राथमिकता है। यह पिछले एक सप्ताह में भारतीय चालक दल वाले जहाजों से जुड़ी तीसरी गंभीर घटना है, जिससे नई दिल्ली की चिंता और बढ़ गई है।
भारतीय दूतावास के अनुसार, शनिवार को एमवी एजीएन रैगनार यूक्रेन के ओडेसा बंदरगाह पर हमले की चपेट में आ गया। ओडेसा काला सागर का प्रमुख बंदरगाह है और 2022 में रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद से कई बार हमलों का सामना कर चुका है। जहाज पर चार भारतीय चालक दल के सदस्य मौजूद थे। दूतावास ने बताया कि इनमें से दो भारतीय नाविक सुरक्षित मिल गए हैं, जबकि बाकी दो की तलाश जारी है। इस घटना के बाद भारत ने यूक्रेन के राजदूत को बुलाकर अपनी गंभीर चिंता दर्ज कराई।

