Maharashtra: मनोज जरांगे की मांग- 58 लाख रिकॉर्ड के आधार पर मराठों को कुनबी प्रमाणपत्र जारी हों
छत्रपति संभाजीनगर, 17 अगस्त - मराठा आरक्षण आंदोलन के नेता मनोज जरांगे ने सोमवार को महाराष्ट्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सरकार मराठा समुदाय के पात्र लोगों को कुनबी जाति प्रमाणपत्र देने के लिए पहले मिले 58 लाख रिकॉर्ड की संख्या को कम करना चाहती है। जरांगे ने मांग की कि इन सभी रिकॉर्ड के आधार पर पात्र लोगों को प्रमाणपत्र जारी किए जाएं। जरांगे ने मराठा समुदाय से अपनी मांगों को लेकर और आक्रामक तरीके से आवाज उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि समुदाय के लोगों को किसी राजनीतिक दल या व्यक्ति के दबाव में नहीं आना चाहिए।
जरांगे ने कहा कि वह अपनी मांगों को लेकर 20 से 25 अगस्त के बीच मराठवाड़ा और विदर्भ के कुछ हिस्सों का दौरा करेंगे। इसके बाद उन्होंने 29 अगस्त से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करने का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन मराठा समुदाय की लंबित मांगों को पूरा कराने के लिए होगा। उन्होंने कहा, 'सरकार को पहले मिले 58 लाख रिकॉर्ड के आधार पर सभी पात्र लोगों को कुनबी प्रमाणपत्र जारी करने चाहिए। सरकार इस आंकड़े को कम करना चाहती है, लेकिन मैं ऐसा नहीं होने दूंगा'। जरांगे ने अब तक जारी किए गए कुनबी जाति प्रमाणपत्रों को भी वैध मानने की मांग की।

