NEET-UG: ओएमआर शीट में कथित गड़बड़ी को लेकर 6 अभ्यर्थी पहुंचे सुप्रीम कोर्ट
नई दिल्ली, 4 अगस्त - नीट-यूजी के छह अभ्यर्थियों ने मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट का रुख करते हुए आरोप लगाया कि परीक्षा के दौरान उनकी ओएमआर शीट में दर्ज किए गए उत्तर और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की ओर से उपलब्ध कराई गई ओएमआर शीट की प्रतियों में अंतर है।
याचिका का जिक्र भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत के समक्ष करते हुए काउंसिलिंग प्रक्रिया शुरू होने से पहले मामले की जल्द सुनवाई की मांग की गई।
वकील ने मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहन की पीठ से कहा कि मामला छह ऐसे छात्रों से जुड़ा है, जिन्होंने 600 और 650 से अधिक अंक हासिल किए हैं। उनका दावा है कि एनटीए की ओर से अपलोड की गई ओएमआर शीट में दर्ज उत्तर, परीक्षा के दौरान उनके द्वारा चिह्नित उत्तरों से अलग हैं।
वकील ने अदालत को यह भी बताया कि छात्रों ने इस संबंध में एनटीए को ईमेल भेजे और उसके कार्यालय भी गए, लेकिन उन्हें कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद पीठ ने मामले को सुनवाई के लिए सूचीबद्ध करने पर सहमति जताई। नीट-यूजी 2026 की परीक्षा मूल रूप से 3 मई को आयोजित की गई थी, लेकिन पेपर लीक के बाद इसे रद्द कर दिया गया था। इसके बाद एनटीए ने 21 जून को परीक्षा दोबारा आयोजित कराई।

