भनियारां वाले की याचिका खारिज


चंडीगढ़, 6 दिसम्बर (सुरजीत सिंह सत्ती): पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट ने प्यारा सिंह भनियारां वाले की वह याचिका खारिज कर दी है, जिसमें उसने अपनी पुस्तक भव सागर समुंद पर पंजाब सरकार द्वारा लगाई पाबंदी हटाने की मांग की थी। जस्टिस राजीव शर्मा की डिवीज़न बैंच ने कहा है कि याचिका दाखिल करने में देरी हुई है, लिहाज़ा याचिका पर सुनवाई नहीं की जा सकती। अभी मुकम्मल फैसला आना शेष है परन्तु फिलहाल हाईकोर्ट ने भनियारां वाले की याचिका खारिज करने का आदेश सुना दिया है। भनियारां वाले ने भव सागर समुंद नामक पुस्तक लिखी थी तथा पंजाब सरकार ने वर्ष 2001 में इस पुस्तक पर यह कहते पाबंदी लगा दी थी कि इसमें सिख धर्म बारे आपत्तिजनक टिप्पणियां हैं तथा इससे सिखों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचेगी। पाबंदी हटाने की मांग को लेकर भनियारां वाले ने हाईकोर्ट पहुंच की थी तथा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को इस पुस्तक की जांच के लिए कमेटी बनाने का निर्देश दिया तथा कहा था कि कमेटी में भनियारां वाले द्वारा कुछ सदस्यों सहित शिरोमणि कमेटी से विद्वान लिए जाएं।