अदालत द्वारा फेसबुक, ट्विटर, व्हाट्सऐप अकाऊंट को आधार व पैन से जोड़ने का आदेश देने से इन्कार


नई दिल्ली, 9 दिसम्बर (भाषा): दिल्ली उच्च न्यायालय ने सोशल मीडिया पर बनाए जाने वाले फर्जी अकाउंटों की समस्या को खत्म करने के लिए इन अकाउंटों को आधार, पैन या मतदाता पहचान-पत्र के साथ जोड़ने से सोमवार को इनकार कर दिया। अदालत ने कहा कि इससे असल खाताधारकों, जिनकी संख्या बहुत ज्यादा है, उनका डेटा बेवजह विदेशों में पहुंच जाएगा। मुख्य न्यायाधीश डी. एन. पटेल और न्यायमूर्ति सी हरिशंकर की पीठ ने कहा कि ट्विटर, फेसबुक और व्हाट्सऐप जैसे सोशल मीडिया मंचों पर बने इन खातों को आधार, पैन या पहचान से जुड़े अन्य दस्तावेज के साथ जोड़ने के लिए नीतियां बनानी होंगी या केन्द्र को मौजूदा कानून में संशोधन करने होंगे और यह काम अदालत नहीं कर सकती। पीठ ने कहा कि अदालतों की भूमिका कानून की जस की तस व्याख्या करना है।